स्वच्छ हल्द्वानी, सुंदर हल्द्वानी की प्रतिज्ञा के साथ मंगलवार, 02 अक्टूबर को गांधी जयंती के अवसर पर मंगलवार को शहर और ग्रामीण क्षेत्र में स्वच्छता महाअभियान चलाया गया। अमर उजाला फाउंडेशन और गो क्लीन, गो ग्रीन संस्था के स्वच्छता महाअभियान में कई सरकारी, गैर सरकारी संगठनों, स्वयं सेवी संस्थाओं, अर्द्ध सैनिक बल ने भागीदारी की। अभियान के बाद सभी संगठनों को प्रतीक चिह्न के रूप में औषधीय पौधे और प्रमाण पत्र दिए गए।
बरेली रोड के मंडी बाईपास से शुरू हुआ स्वच्छता स्वयंसेवकों का कारवां शहर के कोने-कोने में सफाई अभियान में जुटा। शहर के तमाम इलाकों से एकत्रित किए गए कूड़े को नगर निगम के वाहनों से ट्रंचिंग ग्राउंड में निस्तारित किया गया। गो क्लीन गो ग्रीन टीम के सदस्यों ने सभी संगठनों के साथ मिलकर अभियान में भाग लिया। गो क्लीन गो ग्रीन संस्थाध्यक्ष मनोज नेगी ने सभी का आभार जताया।
इस दौरान के मंडी बाईपास, मंडी परिसर, क्रियाशाला, मुखानी चौराहा, लालडांठ, कालाढूंगी चौराहा, सुशीला तिवारी अस्पताल मेडिकल कालेज, एमबीपीजी कालेज, दुर्गा सिटी सेंटर, रेलवे स्टेशन, रोडवेज बस अड्डा, काठगोदाम, विवेकानंद अस्पताल, तिवारी नर्सिंग होम, कृष्णा हास्पिटल समेत शहर के प्रमुख स्थानों की सडकों पर भी सफाई की गईl
सफाई के इस महा अभियान में निम्न लोगों ने सक्रीय भूमिका निभाई:
-सफाई अभियान में सीआरपीएफ से डीआईजी प्रदीप चंद्रा, हितेश पाठक, तेज प्रताप सिंह, चंद्रेश मिश्रा, मदन मोहन समेत एक सौ स्वयं सेवक
-आईटीबीपी से मुकेश यादव के नेतृत्व में 200 स्वयंसेवक
- इंडियन मेडिकल एसोसिएशन से डॉ. मोहन तिवारी, डॉ. महेश शर्मा, डॉ. जेएस खुराना के नेतृत्व में 50 स्वयंसेवकों ने भाग लिया।
- केमिस्ट ड्रगिस्ट एसोसिएशन से उमेश जोशी, संदीप जोशी
- पुनर्नवा महिला समिति से शांति जीना, उर्वसी बोरा, गीता कांडपाल, पीयूष डालाकोटी
- शिप्रा कल्याण समिति भवाली से जगदीश नेगी, नैनीताल से मनोज साह जगाती
- इनर व्हील क्लब से मधुर अग्रवाल, नीलम शर्मा
-नगर निगम से अमोल असवाल, यश मैनेजमेंट से विशाल शर्मा
- छठ पूजा सेवा समिति से ऊषा मुकेश, मुरारी श्रीवास्तव, सुरेश भगत
- भारत विकास परिषद काठगोदाम से डॉ. विनय खुल्लर, दीपक बिष्ट, प्रेम मदान, ममता खुल्लर
- पॉल्यूशन कंट्रोल टीम से आनंद सिंह भाकुनी, शंकर भंडारी, दया बजेठा, सुनील सनवाल
- देवगुरु जन कल्याण समिति से भुवन चंद्र कफल्टिया, पूरन भट्ट
- आलू फल आढ़ती एसोसिएशन से जीवन कार्की, भुवन चंद्र, कैलाश जोशी, नीरज प्रभात गर्ग
- निर्मला कान्वेंट के कैलाश जोशी, रेनू भट्ट, सेल्फ रिलायंस इनीसिएटिव से तनुजा जोशी
- एमबीपीजी बीएड विभाग से अनीता जोशी, एमबीपी कालेज एनएसएस से डॉ. रेखा जोशी
- सौहार्द जन सेवा समिति से विद्या महतोलिया, हेमा मेलकानी, पूजा रावत, सरिता अग्रवाल
-सरल संस्था से हेमा कबड़वाल, आकृति सोसायटी से कुसुम दिगारी, देवेंद्र बिष्ट
-वैश्य महिला समिति से सुचित्रा जायसवाल, सीमा देवल, इंडियन रेलवे से प्रवीण कुमार
-मार्निंग वाकर क्लब से डॉ. एनके मेहता, विपिन बल्यूटिया, उमेश सैनी, डिंपल कोहली
- एक समाज श्रेष्ठ समाज से योगेंद्र साहू, जीजीआईसी से देवकी आर्या
- दीप्ति पब्लिक स्कूल, डीएवी, फाथ फाइंडर, दून पब्लिक स्कूल, सेक्रेड हार्ट, लक्ष्मी शिशु मंदिर बरेली रोड के स्वयं सेवक
अमर उजाला फाउंडेशन और गो क्लीन, गो ग्रीन लेट्स मेक इट हैपन की ओर से स्वच्छता अभियान के समापन अवसर पर राजकीय मेडिकल कॉलेज में आयोजित समारोह में सफाई अभियान में सहयोग करने वाले सभी संगठनों को प्रतीक चिह्न और प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया। समारोह के अतिथि हरिशरणम जन प्रमुख रामगोविंद दास भाईजी, जिला पंचायत अध्यक्ष सुमित्रा प्रसाद, मेडिकल कालेज के प्राचार्य डॉ. सीपी भैसोड़ा, कृष्णा अस्पताल के डॉ. जेएस खुराना, सेंट्रल हास्पिटल के डॉ. संजय जुयाल ने सभी को प्रतीक चिह्न और प्रशस्ति पत्र भेंट किए। प्रभारी वन क्षेत्र अधिकारी मदन बिष्ट ने स्वयं सेवियों और संगठनों को औषधीय पौधों का महत्व बताते हुए उनका वितरण किया।
शहर में अमर उजाला फाउंडेशन और गो क्लीन, गो ग्रीन संस्था की ओर से चलाए गए सफाई महा अभियान का बेहद सुखद परिणाम देखने को मिला। गांधी जयंती पर शहर में चलाए गए स्वच्छता महा अभियान के बाद कई स्थानों पर बदला नजर आया।
अमर उजाला की टीम ने मंगलवार को मुखानी में कपिल कांप्लैक्स के पास सफाई अभियान चलाया। यहां इतनी अधिक मात्रा में कूड़ा जमा था मानो वर्षों से सफाई नहीं की गई हो। कांप्लैक्स परिसर में बिजली की खराब ट्यूब लाइटों, मिट्टी का ढेर और घासफूस पड़ी थी। सड़क किनारे कूड़े से नाली चोक थी और गंदा पानी सड़क पर फैल रहा था। यहां सफाई के दौरान करीब दो सौ कुंतल कूड़ा एकत्रित किया गया। जिसे नगर निगम के चार वाहनों से ट्रंचिंग ग्राउंड में निस्तारित कराया गया। यहां देखा गया कि पहले जहां सड़क पर अक्सर जाम लगा रहता था, वहां सफाई के बाद दो-दो कतारों में गाड़ियां सरपट दौड़ रही थीं। कूड़े के ढेर से अटे पड़े कांप्लैक्स परिसर में सफाई के बाद करीब आठ दोपहिया वाहनों की पार्किंग हो गई। यह देखकर आसपास के लोगों आश्चर्य जताते हुए इस मुहिम की खूब तारीफ की। इसके अलावा मंडी बाईपास जहां कूड़े के ढेर के सामने से गुजरने में अक्सर बू फैलती रहती थी। कूड़े का बड़ा ढेर लगा रहता था। यहां भी पूरा नजारा बदला दिखा। रामपुर रोड में श्रीराम कैंसर इंस्टीट्यूट के पास भी वर्षों का जमा हुआ कूड़ा निस्तारित किया गया। कमोबेश शहर के तमाम स्थानों पर यही स्थिति देखने को मिली।

हाथरस। मेंडू रोड स्थित माया इंस्टीट्यूट में अमर उजाला फाउंडेशन के अपराजिता 100 मिलियन स्माइल्स के तहत एक दिवसीय आत्मरक्षा प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। मुख्य प्रशिक्षक सिहान एमएस समुराई ने छात्राओं से कहा कि जब कोई सड़क पर परेशान करे तो घबराएं नहीं, बल्कि उसे मुंह तोड़ जवाब दें। इसके लिए खुद की रक्षा करना सीखें।
उन्होंने कहा कि छेड़खानी और घरेलू हिंसा जैसी घटनाएं लगातार सामने आ रही हैं। अपराधी अक्सर लड़कियों को सॉफ्ट टारगेट (कमजोर) मानकर निशाना बनाते हैं। ऐसे अपराधियों को मुंह तोड़ जवाब देने के लिए मार्शल आर्ट एक शानदार और बेहद असरदार कला है। इसे सीखकर महिलाएं न सिर्फ शारीरिक रूप से स्वस्थ रह सकती हैं, बल्कि अपनी रक्षा भी खुद कर सकती हैं। उन्होंने छात्राओं को पंच, किक और ब्लॉकिंग के व्यावहारिक दांव-पेच सिखाए। बताया कि अगर कोई अचानक हमला कर दे, तो बैग में मौजूद पेन या पिन भी एक हथियार बन सकता है। इन तकनीकों का नियमित अभ्यास करने की अपील की। वुमेन पावर लाइन 1090, महिला हेल्प डेस्क 181, मुख्यमंत्री हेल्पलाइन 1076 और डायल 112 के प्रयोग के बारे में जागरूक किया गया। प्रधानाचार्या डॉ. शकुंतला, श्वेता सेंगर, निर्मल, चेष्ठा दीक्षित, नेहा सिंह, कल्पना निगम, साक्षी दीक्षित, खुशी सिंह, संघमित्रा, बीनेश, अजय वीर सिंह और भरत कुमार मौजूद रहे।

इगलास। अमर उजाला फाउंडेशन के बैनर तले इगलास सीएचसी में रक्तदान शिविर का आयोजन हुआ। शिविर में 28 लोगों ने रक्तदान कर लोगों को जागरूक किया। शिविर का शुभारंभ अधीक्षक डॉ. ज्योति शर्मा व सीएचसी बेसवां के अधीक्षक डॉ. मनोज चतुर्वेदी ने किया। उन्होंने कहा कि अमर उजाला फाउंडेशन की पहल सराहनीय है। कस्बे के डॉक्टर, पुलिस कर्मियों के साथ अन्य लोगों ने रक्तदान किया। रक्तदान करने वाले गौरव शर्मा, देवराज, अभिषेक, योगेंद्र नगाइच, मोहित बंसल, संतोष अग्रवाल, सोनू, प्रवीण प्रकाश गौड़, गोपाल कृष्ण, डॉ. दुष्यंत कुमार, डॉ. राहुल गुप्ता, शिवप्रकाश गौड़, लव कुमार चतुर्वेदी, चंद्र प्रकाश, राजकिशोर उपाध्याय, ललित कुमार, डॉ. बहादुर सिंह, अर्जुन, डॉ. मनोज चतुर्वेदी, विशाल उपाध्याय, विक्रमजीत, भारती सक्सेना, व्यवसायी प्रमोद अग्रवाल, तारावती अग्रवाल व अन्य थे। शिविर में रक्त संग्रह के लिए मलखान सिंह से डॉ. नूरा, अक्षय कुमार सेंगर, शुभम, प्रीति, अरविंद, नितिन व प्रीतम शामिल रहे।

सहपऊ। गांव समदपुर के आंगनबाड़ी केंद्र पर अमर उजाला फाउंडेशन के बैनर तले स्वास्थ्य परीक्षण शिविर का आयोजन किया गया। जिसमें 112 बच्चों की सेहत जांची गई। बच्चों की उम्र एवं लंबाई के अनुसार वजन, आंख, नाक-कान, गला, हृदय की धड़कन एवं पल्स रेट की जांच की गई। सभी बच्चे स्वस्थ मिले। इस दौरान डॉ. अवधेश कुमार, डॉ. राजेश, डॉ. आशा मितरा, डॉ. नीलम, रजनी, आंगनबाड़ी केंद्र से मधुर, विवेक एवं सुमन मौजूद रहीं।
चंडीगढ़। महिला क्रिकेट विश्व कप की गूंज के बीच चंडीगढ़ की युवा महिला क्रिकेटरों में भी उत्साह चरम पर है। नेट्स पर पसीना बहा रही शहर की बेटियों की आंखों में अब एक ही सपना है-टीम इंडिया की नीली जर्सी। इस सपने को नई उड़ान दी है शहर की बेटी और भारतीय टीम की तेज गेंदबाज नंदिनी शर्मा ने, जिनकी सफलता युवा क्रिकेटरों के लिए मिसाल बन गई है। क्रिकेट में बेटियां खूब चौके-छक्के मार रही हैं। हालांकि इन सपनों के साथ एक टीस भी जुड़ी है। खिलाड़ियों का कहना था कि यूटी क्रिकेट एसोसिएशन बनने के बाद सुविधाओं में सुधार जरूर हुआ है लेकिन अभी भी लड़कियों को लड़कों के बराबर अवसर और संसाधन नहीं मिल पा रहे हैं। जहां लड़कों को बेहतर स्टेडियम और आधुनिक सुविधाएं मिलती हैं, वहीं लड़कियां आज भी सीमित संसाधनों के बीच अपनी मंजिल तलाशने को मजबूर हैं। अमर उजाला अपराजिता कार्यक्रम में सेक्टर-9 में जुटीं चंडीगढ़ की वरिष्ठ और उभरती महिला क्रिकेटरों ने अपने अनुभव साझा किए। महिला क्रिकेटरों ने कहा कि अवसर और सुविधाएं बराबर मिलें तो वे साबित कर देंगी कि प्रतिभा किसी से कम नहीं है, बस उसे निखारने के लिए सही मंच की जरूरत है। सीपीएल में मंच न मिलने का मलाल युवा खिलाड़ियों ने सबसे ज्यादा निराशा चंडीगढ़ प्रीमियर लीग (सीपीएल) में महिला वर्ग को अपेक्षित मंच नहीं मिलने पर जताई। उनका कहना था कि चार टीमों वाली यह लीग महिला क्रिकेट के लिए बड़ा अवसर बन सकती थी। इससे खिलाड़ियों को प्रतिस्पर्धी मैच मिलते और नई प्रतिभाओं को पहचान बनाने का मौका मिलता। लड़कियों को सीमित विकल्पों में करना पड़ रहा अभ्यास इशाना चड्ढा और प्रियंका ने कहा कि जहां लड़कों को अभ्यास के लिए बेहतर स्टेडियम और सुविधाएं मिलती हैं, वहीं लड़कियों को सीमित विकल्पों में अभ्यास करना पड़ता है। ट्विंकल पाठक, यशिका साहनी और इशाना ने मांग की कि महिला खिलाड़ियों को भी अच्छे और समतल मैदान उपलब्ध कराए जाएं ताकि चोट का खतरा कम हो और प्रदर्शन बेहतर हो सके। उन्होंने कहा कि बेहतर इंफ्रास्ट्रक्चर से ही अगली नंदिनी शर्मा निकलेंगी। नंदिनी की सफलता युवा क्रिकेटरों के लिए प्रेरणा अंडर-15 और अंडर-17 खिलाड़ी अदिति श्योराण ने कहा कि नंदिनी शर्मा जैसी खिलाड़ियों की सफलता युवा क्रिकेटरों के लिए प्रेरणा का स्रोत है। इससे यह भरोसा बढ़ता है कि चंडीगढ़ से भी राष्ट्रीय टीम तक पहुंचा जा सकता है। वहीं अंडर-19 खिलाड़ी मानवी का कहना है कि प्रतिभा को निखारने के लिए सुविधाओं के साथ-साथ नियमित और अधिक प्रतिस्पर्धी मैचों का आयोजन भी जरूरी है। युवा क्रिकेटरों ने कहा है कि अगर उन्हें बेहतर मैदान, गुणवत्तापूर्ण प्रशिक्षण और पर्याप्त मैच मिलें तो चंडीगढ़ से भविष्य में और भी नंदिनी शर्मा निकल सकती हैं। विश्व कप के माहौल ने इन बेटियों के सपनों को नई उड़ान दी है, अब जरूरत उन सपनों को साकार करने के लिए मजबूत मंच और अवसर देने की है। सोनाक्षी और लावन्या जैसी युवा खिलाड़ियों ने भी ट्रायल और बुनियादी सुविधाओं को लेकर अपनी राय रखी।

कानपुर। अमर उजाला फाउंडेशन के अपराजिता अभियान के तहत उत्कर्ष नर्सिंग एंड पैरामेडिकल कॉलेज परसौली गल्ला मंडी में योग कार्यक्रम आयोजित किया गया। योगाचार्य एचपी सिंह, सहयोगी शिवांगी और पारुल ने जीएनएम, बीएससी नर्सिंग व पैरामेडिकल छात्राओं को अनुलोम-विलोम, कपालभाति, बटरफ्लाई व ताड़ासन का अभ्यास कराया तथा योग के लाभ बताए। उन्होंने कहा कि नियमित योग से शारीरिक व मानसिक स्वास्थ्य बेहतर रहता है और तनाव कम होता है। कार्यक्रम में कॉलेज के चेयरमैन डॉ. राजेश त्रिवेदी, डायरेक्टर डॉ. उत्कर्ष त्रिवेदी, डॉ. यशस्वनी त्रिवेदी व प्राचार्य इंद्रावती चतुर्वेदी मौजूद रहीं। अतिथियों ने छात्राओं को योग को जीवन का हिस्सा बनाने के लिए प्रेरित किया।