वाराणसी। कारगिल विजय दिवस के अवसर पर अमर उजाला फाउंडेशन की ओर से लगाए गए रक्तदान शिविर में रक्तदान कर जरूरतमंदों की जान बचाने का संकल्प लिया गया।
वाराणसी में बीएचयू में 47, दीनदयाल अस्पताल में 25 और मंडलीय अस्पताल में 16 लोगों को मिलाकर कुल 88 यूनिट रक्तदान किया। रोटरी क्लब भी शिविर में सहभागी रहा। बीएचयू में 39 जीटीसी के जवान, परिसर स्थित 2 यूपी ईएमई कंपनी के एनसीसी कैडेट, ग्रुप मुख्यालय एनसीसी के कर्मचारी के साथ ही बीएचयू राष्ट्रीय सेवा योजना के कार्यक्रम समन्वयक डॉ. बाला लखेंद्र के नेतृत्व में स्वयंसेवकों ने भी पूरे उत्साह के साथ रक्तदान किया। दीनदयाल उपाध्याय जिला अस्पताल में 34वीं वाहिनी पीएसी भुल्लनपुर में कमांडेंट एके सिंह के नेतृत्व में जवानों ने रक्तदान किया। इसके साथ ही काशी रक्तदान कुंभ समिति के सदस्यों, रोटरी क्लब, नागरिक सुरक्षा कोर के सदस्यों ने भी रक्तदान किया। कबीरचौरा स्थित मंडलीय अस्पताल में मानव एकेडमी आफ मार्शल आर्ट के लोगों ने रक्तदान किया।
मिर्जापुर में शास्त्री पुल विंध्याचल मार्ग पर स्थित सेठ द्वारका प्रसाद बजाज स्कूल में अमर उजाला फाउंडेशन और रोटरी क्लब के संयुक्त संयोजन और मंडलीय अस्पताल के ब्लड बैंक के सहयोग से आयोजित रक्तदान शिविर में 75 लोगों ने पंजीकरण कराया। इसमें से 56 लोगों ने रक्तदान किया। सेना के जवान से लेकर एनसीसी कैडेट्स, समाजसेवी, व्यावसायी, कारोबारी, युवाओं ने रक्तदान में हिस्सा लिया। मुख्य अतिथि जिलाधिकारी प्रवीण कुमार लक्षकार ने रक्तदान शिविर का शुभारंभ किया। आजमगढ़ में अमर उजाला फाउंडेशन और रोटरी क्लब के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित रक्तदान शिविर में रक्तदानियों का हुजूम उमड़ पड़ा। इस दौरान कुल 54 लोगों ने रक्तदान कर महादानी बनने का गौरव हासिल किया। सुबह नौ बजे मुख्य अतिथि मंडलायुक्त वीवी पंत ने सीएमओ डॉ. आईएन तिवारी और मंडलीय अस्पताल के प्रमुख चिकित्सा अधीक्षक डॉ. एके श्रीवास्तव के साथ संयुक्त रूप से शुभारंभ किया। जौनपुर में अमर उजाला फाउंडेशन और रोटरी क्लब की ओर से आईएमए के ब्लड बैंक में रक्तदान शिविर आयोजित किया गया। इसमें पुलिस विभाग, शिक्षा विभाग, एनसीसी और अतुल वेलफेयर ट्रेस्ट का विशेष सहयोग रहा। पूरे दिन में 63 लोगों ने रक्तदान के लिए रजिस्ट्रेशन कराया और 50 लोगों ने रक्तदान किया। महादानियों ने कहा कि रक्तदान वीर जवानों के प्रति सच्ची श्रद्धांजलि है। इस मौके पर पत्नी रिचा साहनी के साथ आए मुख्य अतिथि एसपी अजय कुमार साहनी ने सभी रक्तदाताओं को अमर उजाला फाउंडेशन की ओर से प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया। मऊ में कारगिल विजय दिवस पर अमर उजाला फाउंडेशन और रोटरी क्लब के संयुक्त तत्वावधान में जिला अस्पताल परिसर के ब्लड बैंक में रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया। इसमें 50 लोगों ने रक्तदान कर कारगिल में शहीद जवानों को श्रद्धांजलि दी। इस दौरान पौधरोपण भी किया गया। रक्तदान के लिए 65 लोगों ने पंजीयन कराया था। इससे पहले कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि पुलिस अधीक्षक अविनाश पांडेय ने किया। सोनभद्र में सरहद पर डटे सैनिकों के सम्मान में रक्तदान करने के लिए मंगलवार को लोगों में खूब उत्साह दिखा। युवाओं और महिलाओं ने तो बढ़-चढ़ कर भागीदारी निभाई ही, पचास की उम्र पार कर चुके लोग भी रक्तदान में नहीं हिचके। अमर उजाला फाउंडेशन के आह्वान पर स्वेच्छा से चलकर ब्लड बैंक पहुंचे और रक्तदान कर महादानी बने। कारगिल विजय दिवस के उपलक्ष्य में आयोजित इस शिविर में कुल 32 यूनिट रक्तदान हुआ। मुख्य अतिथि डीएम चंद्र विजय सिंह ने रक्तदान शिविर का शुभारंभ किया। बलिया में जिला अस्पताल के ब्लड बैंक में अमर उजाला फाउंडेशन और रोटरी क्लब की ओर से मंगलवार को रक्तदान शिविर लगा। इसमें 30 लोगों ने महादान किया। भृगु आश्रम निवासी मणिंद्र कुमार सिंह और ज्ञान प्रकाश पांडेय ने सबसे पहले रक्तदान किया। सभी रक्तदाताओं को अमर उजाला की ओर से प्रमाण-पत्र देकर सम्मानित किया गया। एएसपी डीपी तिवारी भी शिविर में पहुंचे। गाजीपुर में अमर उजाला फाउंडेशन और रोटरी क्लब के तत्वावधान में जिला अस्पताल में रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया। जिलाधिकारी एमपी सिंह, एसपी रोहन पी बोत्रे और मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डा. आनंद मिश्रा ने शिविर का शुभारंभ किया। यहां 30 महादानियों ने रक्तदान किया। भदोही में चौरी रोड स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया। इस दौरान युवाओं में उत्साह दिखा। सुबह दस बजे से शुरू हुए शिविर में 11 बजे तक 15 से ज्यादा युवाओं ने पंजीकरण करा लिया था। तीन बजे तक चले शिविर में कुल 21 लोगों ने रक्तदान कर महादानी बनने का गौरव हासिल किया।

हाथरस। मेंडू रोड स्थित माया इंस्टीट्यूट में अमर उजाला फाउंडेशन के अपराजिता 100 मिलियन स्माइल्स के तहत एक दिवसीय आत्मरक्षा प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। मुख्य प्रशिक्षक सिहान एमएस समुराई ने छात्राओं से कहा कि जब कोई सड़क पर परेशान करे तो घबराएं नहीं, बल्कि उसे मुंह तोड़ जवाब दें। इसके लिए खुद की रक्षा करना सीखें।
उन्होंने कहा कि छेड़खानी और घरेलू हिंसा जैसी घटनाएं लगातार सामने आ रही हैं। अपराधी अक्सर लड़कियों को सॉफ्ट टारगेट (कमजोर) मानकर निशाना बनाते हैं। ऐसे अपराधियों को मुंह तोड़ जवाब देने के लिए मार्शल आर्ट एक शानदार और बेहद असरदार कला है। इसे सीखकर महिलाएं न सिर्फ शारीरिक रूप से स्वस्थ रह सकती हैं, बल्कि अपनी रक्षा भी खुद कर सकती हैं। उन्होंने छात्राओं को पंच, किक और ब्लॉकिंग के व्यावहारिक दांव-पेच सिखाए। बताया कि अगर कोई अचानक हमला कर दे, तो बैग में मौजूद पेन या पिन भी एक हथियार बन सकता है। इन तकनीकों का नियमित अभ्यास करने की अपील की। वुमेन पावर लाइन 1090, महिला हेल्प डेस्क 181, मुख्यमंत्री हेल्पलाइन 1076 और डायल 112 के प्रयोग के बारे में जागरूक किया गया। प्रधानाचार्या डॉ. शकुंतला, श्वेता सेंगर, निर्मल, चेष्ठा दीक्षित, नेहा सिंह, कल्पना निगम, साक्षी दीक्षित, खुशी सिंह, संघमित्रा, बीनेश, अजय वीर सिंह और भरत कुमार मौजूद रहे।

इगलास। अमर उजाला फाउंडेशन के बैनर तले इगलास सीएचसी में रक्तदान शिविर का आयोजन हुआ। शिविर में 28 लोगों ने रक्तदान कर लोगों को जागरूक किया। शिविर का शुभारंभ अधीक्षक डॉ. ज्योति शर्मा व सीएचसी बेसवां के अधीक्षक डॉ. मनोज चतुर्वेदी ने किया। उन्होंने कहा कि अमर उजाला फाउंडेशन की पहल सराहनीय है। कस्बे के डॉक्टर, पुलिस कर्मियों के साथ अन्य लोगों ने रक्तदान किया। रक्तदान करने वाले गौरव शर्मा, देवराज, अभिषेक, योगेंद्र नगाइच, मोहित बंसल, संतोष अग्रवाल, सोनू, प्रवीण प्रकाश गौड़, गोपाल कृष्ण, डॉ. दुष्यंत कुमार, डॉ. राहुल गुप्ता, शिवप्रकाश गौड़, लव कुमार चतुर्वेदी, चंद्र प्रकाश, राजकिशोर उपाध्याय, ललित कुमार, डॉ. बहादुर सिंह, अर्जुन, डॉ. मनोज चतुर्वेदी, विशाल उपाध्याय, विक्रमजीत, भारती सक्सेना, व्यवसायी प्रमोद अग्रवाल, तारावती अग्रवाल व अन्य थे। शिविर में रक्त संग्रह के लिए मलखान सिंह से डॉ. नूरा, अक्षय कुमार सेंगर, शुभम, प्रीति, अरविंद, नितिन व प्रीतम शामिल रहे।

सहपऊ। गांव समदपुर के आंगनबाड़ी केंद्र पर अमर उजाला फाउंडेशन के बैनर तले स्वास्थ्य परीक्षण शिविर का आयोजन किया गया। जिसमें 112 बच्चों की सेहत जांची गई। बच्चों की उम्र एवं लंबाई के अनुसार वजन, आंख, नाक-कान, गला, हृदय की धड़कन एवं पल्स रेट की जांच की गई। सभी बच्चे स्वस्थ मिले। इस दौरान डॉ. अवधेश कुमार, डॉ. राजेश, डॉ. आशा मितरा, डॉ. नीलम, रजनी, आंगनबाड़ी केंद्र से मधुर, विवेक एवं सुमन मौजूद रहीं।
चंडीगढ़। महिला क्रिकेट विश्व कप की गूंज के बीच चंडीगढ़ की युवा महिला क्रिकेटरों में भी उत्साह चरम पर है। नेट्स पर पसीना बहा रही शहर की बेटियों की आंखों में अब एक ही सपना है-टीम इंडिया की नीली जर्सी। इस सपने को नई उड़ान दी है शहर की बेटी और भारतीय टीम की तेज गेंदबाज नंदिनी शर्मा ने, जिनकी सफलता युवा क्रिकेटरों के लिए मिसाल बन गई है। क्रिकेट में बेटियां खूब चौके-छक्के मार रही हैं। हालांकि इन सपनों के साथ एक टीस भी जुड़ी है। खिलाड़ियों का कहना था कि यूटी क्रिकेट एसोसिएशन बनने के बाद सुविधाओं में सुधार जरूर हुआ है लेकिन अभी भी लड़कियों को लड़कों के बराबर अवसर और संसाधन नहीं मिल पा रहे हैं। जहां लड़कों को बेहतर स्टेडियम और आधुनिक सुविधाएं मिलती हैं, वहीं लड़कियां आज भी सीमित संसाधनों के बीच अपनी मंजिल तलाशने को मजबूर हैं। अमर उजाला अपराजिता कार्यक्रम में सेक्टर-9 में जुटीं चंडीगढ़ की वरिष्ठ और उभरती महिला क्रिकेटरों ने अपने अनुभव साझा किए। महिला क्रिकेटरों ने कहा कि अवसर और सुविधाएं बराबर मिलें तो वे साबित कर देंगी कि प्रतिभा किसी से कम नहीं है, बस उसे निखारने के लिए सही मंच की जरूरत है। सीपीएल में मंच न मिलने का मलाल युवा खिलाड़ियों ने सबसे ज्यादा निराशा चंडीगढ़ प्रीमियर लीग (सीपीएल) में महिला वर्ग को अपेक्षित मंच नहीं मिलने पर जताई। उनका कहना था कि चार टीमों वाली यह लीग महिला क्रिकेट के लिए बड़ा अवसर बन सकती थी। इससे खिलाड़ियों को प्रतिस्पर्धी मैच मिलते और नई प्रतिभाओं को पहचान बनाने का मौका मिलता। लड़कियों को सीमित विकल्पों में करना पड़ रहा अभ्यास इशाना चड्ढा और प्रियंका ने कहा कि जहां लड़कों को अभ्यास के लिए बेहतर स्टेडियम और सुविधाएं मिलती हैं, वहीं लड़कियों को सीमित विकल्पों में अभ्यास करना पड़ता है। ट्विंकल पाठक, यशिका साहनी और इशाना ने मांग की कि महिला खिलाड़ियों को भी अच्छे और समतल मैदान उपलब्ध कराए जाएं ताकि चोट का खतरा कम हो और प्रदर्शन बेहतर हो सके। उन्होंने कहा कि बेहतर इंफ्रास्ट्रक्चर से ही अगली नंदिनी शर्मा निकलेंगी। नंदिनी की सफलता युवा क्रिकेटरों के लिए प्रेरणा अंडर-15 और अंडर-17 खिलाड़ी अदिति श्योराण ने कहा कि नंदिनी शर्मा जैसी खिलाड़ियों की सफलता युवा क्रिकेटरों के लिए प्रेरणा का स्रोत है। इससे यह भरोसा बढ़ता है कि चंडीगढ़ से भी राष्ट्रीय टीम तक पहुंचा जा सकता है। वहीं अंडर-19 खिलाड़ी मानवी का कहना है कि प्रतिभा को निखारने के लिए सुविधाओं के साथ-साथ नियमित और अधिक प्रतिस्पर्धी मैचों का आयोजन भी जरूरी है। युवा क्रिकेटरों ने कहा है कि अगर उन्हें बेहतर मैदान, गुणवत्तापूर्ण प्रशिक्षण और पर्याप्त मैच मिलें तो चंडीगढ़ से भविष्य में और भी नंदिनी शर्मा निकल सकती हैं। विश्व कप के माहौल ने इन बेटियों के सपनों को नई उड़ान दी है, अब जरूरत उन सपनों को साकार करने के लिए मजबूत मंच और अवसर देने की है। सोनाक्षी और लावन्या जैसी युवा खिलाड़ियों ने भी ट्रायल और बुनियादी सुविधाओं को लेकर अपनी राय रखी।

कानपुर। अमर उजाला फाउंडेशन के अपराजिता अभियान के तहत उत्कर्ष नर्सिंग एंड पैरामेडिकल कॉलेज परसौली गल्ला मंडी में योग कार्यक्रम आयोजित किया गया। योगाचार्य एचपी सिंह, सहयोगी शिवांगी और पारुल ने जीएनएम, बीएससी नर्सिंग व पैरामेडिकल छात्राओं को अनुलोम-विलोम, कपालभाति, बटरफ्लाई व ताड़ासन का अभ्यास कराया तथा योग के लाभ बताए। उन्होंने कहा कि नियमित योग से शारीरिक व मानसिक स्वास्थ्य बेहतर रहता है और तनाव कम होता है। कार्यक्रम में कॉलेज के चेयरमैन डॉ. राजेश त्रिवेदी, डायरेक्टर डॉ. उत्कर्ष त्रिवेदी, डॉ. यशस्वनी त्रिवेदी व प्राचार्य इंद्रावती चतुर्वेदी मौजूद रहीं। अतिथियों ने छात्राओं को योग को जीवन का हिस्सा बनाने के लिए प्रेरित किया।