नई दिल्ली
विश्व रक्तदाता दिवस पर रविवार को अमर उजाला फाउंडेशन के तत्वावधान में आयोजित रक्तदान शिविरों में हर वर्ग के लोग शामिल हुए। 40 डिग्री से ऊपर की भीषण गर्मी और उमस के बीच दूसरों की जान बचाने के लिए हजारों लोगों ने रक्तदान कर स्वस्थ भारत के निर्माण की मुहिम में अपना योगदान दिया। रक्तदान शिविरों में कई जगह लोग घंटों अपनी बारी का इंतजार करते रहे। किसी अनजान की जान बचाने का जज्बा महादानियों में देखते ही बनता था। पहली बार रक्तदान कर रहे युवाओं ने उत्साह दिखाया, वहीं 60 वर्ष से ऊपर के कई वरिष्ठ नागरिकों ने रक्तदान कर दूसरों को भी अमर उजाला फाउंडेशन की इस मुहिम में हिस्सा लेने के लिए प्रेरित किया। दिव्यांगजनों ने भी रक्तदान अभियान में हिस्सा लिया। शिविर में रक्तदान करने वाले प्रत्येक महादानी को अमर उजाला फाउंडेशन की ओर से प्रमाणपत्र वितरित किए गए।
अमर उजाला के प्रसार वाले सात में से चार राज्यों उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, चंडीगढ़ और हरियाणा के 80 से अधिक शहरों में 5,270 महादानी रक्तदान किया। अकेले रोहतक यूनिट में 834 रक्तदानियों ने महादान किया।
अमर उजाला फाउंडेशन की इस मुहिम में विभिन्न अस्पताल और सामाजिक संगठन भी भागीदार बने। लखनऊ में 493, कानपुर में 290, प्रयागराज में 201, मेरठ में 617, गाजियाबाद में 166, अलीगढ़ में 171, झांसी में 110, मुरादाबाद में 127, आगरा में 237, गोरखपुर में 200, वाराणसी में 298 और बरेली में 137 यूनिट रक्तदान हुआ।
इसी तरह से चंडीगढ़ यूनिट में 604 यूनिट रक्तदान हुआ। उत्तराखंड की राजधानी देहरादून में 45 और हिसार यूनिट में 191 लोगों ने रक्तदान किया। रक्तदाताओं को प्रशस्ति पत्र और स्मृति चिह्र देकर सम्मानित किया गया।

नई दिल्ली
विश्व रक्तदाता दिवस पर रविवार को अमर उजाला फाउंडेशन के तत्वावधान में आयोजित रक्तदान शिविरों में हर वर्ग के लोग शामिल हुए। 40 डिग्री से ऊपर की भीषण गर्मी और उमस के बीच दूसरों की जान बचाने के लिए हजारों लोगों ने रक्तदान कर स्वस्थ भारत के निर्माण की मुहिम में अपना योगदान दिया। रक्तदान शिविरों में कई जगह लोग घंटों अपनी बारी का इंतजार करते रहे। किसी अनजान की जान बचाने का जज्बा महादानियों में देखते ही बनता था। पहली बार रक्तदान कर रहे युवाओं ने उत्साह दिखाया, वहीं 60 वर्ष से ऊपर के कई वरिष्ठ नागरिकों ने रक्तदान कर दूसरों को भी अमर उजाला फाउंडेशन की इस मुहिम में हिस्सा लेने के लिए प्रेरित किया। दिव्यांगजनों ने भी रक्तदान अभियान में हिस्सा लिया। शिविर में रक्तदान करने वाले प्रत्येक महादानी को अमर उजाला फाउंडेशन की ओर से प्रमाणपत्र वितरित किए गए।
अमर उजाला के प्रसार वाले सात में से चार राज्यों उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, चंडीगढ़ और हरियाणा के 80 से अधिक शहरों में 5,270 महादानी रक्तदान किया। अकेले रोहतक यूनिट में 834 रक्तदानियों ने महादान किया।
अमर उजाला फाउंडेशन की इस मुहिम में विभिन्न अस्पताल और सामाजिक संगठन भी भागीदार बने। लखनऊ में 493, कानपुर में 290, प्रयागराज में 201, मेरठ में 617, गाजियाबाद में 166, अलीगढ़ में 171, झांसी में 110, मुरादाबाद में 127, आगरा में 237, गोरखपुर में 200, वाराणसी में 298 और बरेली में 137 यूनिट रक्तदान हुआ।
इसी तरह से चंडीगढ़ यूनिट में 604 यूनिट रक्तदान हुआ। उत्तराखंड की राजधानी देहरादून में 45 और हिसार यूनिट में 191 लोगों ने रक्तदान किया। रक्तदाताओं को प्रशस्ति पत्र और स्मृति चिह्र देकर सम्मानित किया गया।

80 प्रतिशत से ज्यादा ग्रामीण पृष्ठभूमि के विद्यार्थी
यूपी के 28 विद्यार्थी चयनित, शेष हरियाणा, जम्मू-कश्मीर, उत्तराखंड, पंजाब, हिमाचल प्रदेश के हैं।
नौवीं-दसवीं के 23 विद्यार्थियों को मिलेंगे 50-50 हजार रुपये
11-12वीं के 23 विद्यार्थियों को मिलेंगे 75-75 हजार रुपये
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। अमर उजाला फाउंडेशन द्वारा संचालित अतुल माहेश्वरी छात्रवृत्ति परीक्षा-2025 के परिणामों की घोषणा हो गई है। छह राज्यों के प्रादेशिक शिक्षा बोर्डों के 46 प्रतिभाशाली, लेकिन आर्थिक रूप से कमजोर विद्यार्थियों को यह छात्रवृत्ति दी जा रही है। नौवीं-दसवीं में पढ़ने वाले 23 विद्यार्थियों को 50-50 हजार रुपये और 11-12वीं के 23 विद्यार्थियों को 75-75 हजार रुपये की एकमुश्त छात्रवृत्ति दी जाएगी। चूंकि अभी बोर्ड की परीक्षाएं चल रहीं हैं, इसलिए छात्रों को उनके एक-एक अभिभावक के साथ अप्रैल में नोएडा या किसी अन्य स्थान पर आमंत्रित करके सम्मानित किया जाएगा। छात्रवृत्ति पाने वाले विद्यार्थियों में अस्सी फीसदी से ज्यादा ग्रामीण पृष्ठभूमि के हैं।
अमर उजाला के प्रसार क्षेत्र वाले छह राज्यों के 22 प्रकाशन केंद्रों के जरिये नवंबर में हुई लिखित परीक्षा और उसके बाद हुए साक्षात्कार तथा आवेदकों द्वारा दिए गए दस्तावेजों का सत्यापन करके करीब डेढ़ लाख आवेदकों में से इन प्रतिभाशाली छात्र-छात्राओं का चयन किया गया है। छात्रवृत्ति पाने वालों में उत्तर प्रदेश से 28, शेष हरियाणा, जम्मू-कश्मीर, उत्तराखंड, पंजाब, हिमाचल प्रदेश आदि राज्यों से हैं ।
नौवीं-दसवीं वर्ग में:
विशाल (रोल नंबर 2590068, मथुरा)
चंद्रभान (रोल नंबर 2380262, अलीगढ़)
विनायक वर्मा (रोल नंबर 1210208, लखीमपुर खीरी)
प्रिया (रोल नंबर 2170001, पंचकुला)
पारस सिंह (रोल नंबर 2760024, चमोली)
सुखवीर (रोल नंबर 2630020, हमीरपुर)
आरती (रोल नंबर 2430178, बुलंदशहर)
रत्नेश (रोल नंबर 1390207, गोरखपुर)
गीता जोशी (रोल नंबर 1650003, चंपावत)
हरीश (रोल नंबर 1550202, हिसार)
नमन (रोल नंबर 2250020, जम्मू)
भानू (रोल नंबर 2500160, झांसी)
संजय कुमार (रोल नंबर 2830042, फतेहपुर)
रजत (रोल नंबर 2680015, कैथल)
अरेंद्र (रोल नंबर 2240398, लखनऊ)
इशिका रानी (रोल नंबर 1060462, बिजनौर)
स्कंद शर्मा (रोल नंबर 2700103, संभल)
आकाश यादव (रोल नंबर 2790064, गुरुग्राम)
शिवांश साहू (रोल नंबर 2100049, प्रतापगढ़)
मन्नू (रोल नंबर 2680380, जींद)
भव्य गौतम (रोल नंबर 1720001, बिलासपुर)
प्रभात यादव (रोल नंबर 1280288, आजमगढ़)
इसी तरह 11-12वीं के वर्ग में :
अवतार (रोल नंबर 4470292, मथुरा)
उत्कर्ष (रोल नंबर 3380422, अलीगढ़)
दीपक (रोल नंबर 3190485, बरेली)
दीपक कुमार गुप्ता (रोल नंबर 4170081, चंडीगढ़)
अजय बहुगुणा (रोल नंबर 3340315, उत्तरकाशी)
दीपशिखा (रोल नंबर 4540001, मंडी)
शोभित राघव (रोल नंबर 3420652, हापुड़)
हिमांशु वर्मा (रोल नंबर 4800004, महराजगंज)
गौरव (रोल नंबर 3460073, हल्द्वानी)
तनुज (रोल नंबर 4550104, हिसार)
गरिमा (रोल नंबर 4250037, जम्मू)
सुयश (रोल नंबर 3500673, झांसी)
अर्पित (रोल नंबर 4530137, हरदोई)
मयंक (रोल नंबर 4130136, करनाल)
आशु (रोल नंबर 4230349, अयोध्या)
अवनी (रोल नंबर 4840322, बागपत)
मनीष कुमार (रोल नंबर 3330209, अमरोहा)
विशाल (रोल नंबर 3730196, गौतम बुद्ध नगर)
शिवांशु प्रजापति (रोल नंबर 3100212, प्रतापगढ़)
मधु (रोल नंबर 4680401, रोहतक)
विनायक भारद्वाज (रोल नंबर 4150034, शिमला)
अश्वनी यादव (रोल नंबर 3271009, मिर्जापुर)
दो दृष्टिहीनों को विशेष छात्रवृत्ति
अमर उजाला फाउंडेशन की ओर से दो दृष्टिहीनों को विशेष छात्रवृत्ति के लिए चयनित किया गया है। इसमें सुंदरी (रोल नंबर 5390001) को संतकबीरनगर और गणेश चौरसिया (रोल नंबर 5390028) को गोरखपुर से चुना गया है।
तो निरस्त हो जाएगी छात्रवृत्ति
परीक्षा परिणाम बनाते समय बहुत सावधानी बरती गई है। सत्यापन के कई दौर के बाद भी अंतिम समय तक कुछ विद्यार्थियों द्वारा दी गई जानकारी गलत निकलती रही। जिन 46 प्रतिभाशाली विद्यार्थियों को छात्रवृत्ति के लिए चयनित किया गया है, अगर उनकी ओर से दी गई जानकारी भविष्य में सत्यापन के दौरान गलत पाई जाती है, तो छात्रवृत्ति निरस्त कर दी जाएगी।

अगर आप भी पढ़-लिख कर अपने सपनों को साकार करना चाहते हैं और यदि इसमें आर्थिक परेशानी सामने आ रही है, तो घबराएं नहीं। अतुल माहेश्वरी छात्रवृत्ति के माध्यम से आप अपने पंखों को उड़ान दे सकते हैं। फार्म में मांगी गई सभी जानकारियां देना अनिवार्य है। छात्रवृत्ति के लिए एक लिखित परीक्षा 85 शहरों में निर्धारित परीक्षा केंद्रों पर आयोजित की जाएगी। फॉर्म भरते समय विद्यार्थी लिखित परीक्षा के लिए अपनी सुविधानुसार शहर का चयन कर सकते हैं। परीक्षा केंद्र की सूचना ई-मेल द्वारा भेजे जाने वाले एडमिट कार्ड में दी जाएगी। इसलिए हर आवेदक की ई-मेल आईडी होना अनिवार्य है।
इनमें से किसी भी लिंक पर क्लिक करें और आवेदन फॉर्म भरें-
https://www.amarujala.com/atul-maheshwari-chhatravritti-2024
https://amarujalafoundation.org/
https://www.amarujala.com/
इस वर्ष अतुल माहेश्वरी छात्रवृत्ति परीक्षा में नौवीं और दसवीं के प्रादेशिक बोर्ड के विद्यालयों में पढ़ने वाले 23 विद्यार्थियों के लिए 50-50 हजार रुपये और 11वीं-12वीं के 23 विद्यार्थियों को 75-75 हजार रुपये की छात्रवृत्ति प्रदान की जाएगी। इस परीक्षा में भाग लेने के लिए प्रादेशिक शिक्षा बोर्ड के केवल नौवीं से 12वीं कक्षा में पढ़ने वाले वही छात्र पात्र हैं, जिन्होंने पिछली वार्षिक परीक्षा में न्यूनतम 60 फीसदी अंक प्राप्त किए हों और जिनकी वार्षिक पारिवारिक आय दो लाख रुपये से कम हो। बीपीएल कार्ड धारक परिवार के बच्चों को प्राथमिकता दी जाएगी। आठवीं में पढ़ने वाले और बारहवीं उत्तीर्ण कर चुके छात्र आवेदन करने के लिए पात्र नहीं हैं। आवेदन केवल ऑनलाइन माध्यम से ही स्वीकार किए जाएंगे। 2023 में आयोजित की गई अतुल माहेश्वरी छात्रवृत्ति परीक्षा में एक लाख से अधिक विद्यार्थी शामिल हुए थे और उनमें से सफल 44 विद्यार्थियों के बीच छात्रवृत्ति के रूप में 27.5 लाख रुपये वितरित किए गए थे।
एक एमबी से ज्यादा का न हो दस्तावेज
आवेदकों को ऑनलाइन आवेदन फॉर्म में फोटो, पिछली कक्षा की मार्कशीट, आवासीय पते का प्रमाण और अन्य आवश्यक दस्तावेज अपलोड करने होंगे। अपलोड किए जाने वाले दस्तावेज एमबी से अधिक न हों, नहीं तो आवेदन अस्वीकार कर दिया जाएगा।
दृष्टिहीनों के लिए दो विशेष छात्रवृत्तियां
पिछले वर्ष की तरह इस बार भी दो दृष्टिहीन विद्यार्थियों को विशेष छात्रवृत्ति दी जाएगी। ऐसे छात्रों को परीक्षा में अपने साथ एक सहायक लाने की छूट प्रदान की गई है, जो छात्र से नीचे की कक्षा का होना चाहिए। सहायक को अपने साथ स्कूल का आई कार्ड लाना अनिवार्य होगा।
एक मोबाइल नंबर, एक आवेदन
विद्यार्थी फॉर्म भरते समय इस बात का ध्यान रखें कि एक मोबाइल नंबर से केवल एक ही फॉर्म भरा जा सकता है। एक मोबाइल नंबर से एक से अधिक फॉर्म भरने पर आवेदन स्वीकार नहीं किया जाएगा। इसलिए एक मोबाइल नंबर से केवल एक ही फॉर्म भरें।

Amar Ujala Foundation's initiative, Police ki Pathshala was hosted at Lala Lajpat Rai Nursing College, marking another milestone in community outreach and education. Deputy SP Navina Shukla, the guest speaker, provided an in-depth session on personal safety and the importance of swift action against harassment.
Deputy SP Shukla’s address highlighted key strategies for students to manage and prevent harassment, emphasizing the immediacy of reporting any incidents. She explored the nuances of responsible social media use, advising students on how to secure their online presence and avoid becoming victims of cybercrimes. "Enduring harassment is never an option," she asserted, encouraging students to always voice their concerns and seek assistance.
The interactive session included practical advice on staying alert to potential dangers and using technology to their advantage. Deputy SP Shukla provided students with essential helpline numbers, urging them to keep these contacts accessible for emergencies.
The event concluded with a Q&A session, where Deputy SP Shukla patiently addressed the students' queries, reinforcing the key messages of awareness and empowerment. The session left a lasting impact, equipping the students with knowledge and confidence to act decisively in safeguarding their personal and professional environments.

Great Donors… 6,438 Donated Blood to Save Others' Lives
In an inspiring show of community spirit, Amar Ujala Foundation, in collaboration with numerous social organizations, organized blood donation camps across more than 110 cities to mark World Blood Donor Day. This initiative saw an impressive turnout, with 6,438 individuals stepping forward to donate blood, emphasizing the importance of saving lives.
Blood donation camps were held in over 110 cities, resulting in the collection of 6,438 units of blood across 125 camps. Participants from various states, including Delhi-NCR, Uttar Pradesh, Uttarakhand, Himachal Pradesh, Jammu and Kashmir, Haryana, and Punjab, enthusiastically supported the cause.
The campaign witnessed significant contributions from different locations: Chandigarh collected 515 units, Lucknow 682, Dehradun 395, Agra 335, Bareilly 274, Gorakhpur 208, and Meerut alone collected an outstanding 775 units. Each donor was honored with a certificate of appreciation from Amar Ujala Foundation, recognizing their invaluable contribution.
This widespread support from social and community organizations made the campaign a resounding success. Individuals from diverse backgrounds came together, demonstrating a shared sense of social responsibility and commitment to community welfare.
The entire campaign highlighted the spirit of humanity, as thousands contributed selflessly to save lives. Amar Ujala Foundation’s appeal to donate blood not only raised awareness but also showcased the collective effort of communities to support a noble cause.